श्रीलंका से नेपाल तक: क्रांतिकारी लहरों से हम क्या सबक ले सकते हैं?

कभी तो ऐसा लगता है कि देश में शांति है और वहाँ का शासक वर्ग सत्ता में मज़बूती से स्थापित है — लेकिन अगले ही दिन क्रांतिकारी जनता जलते हुए संसद भवन के सामने खड़ी मिलती है। पुलिस, सांसद, और प्रधानमंत्री भाग चुके होते हैं।…

भ्रष्ट राजनैतिक तंत्र को राख कर नेपाल की जनता ने पूंजीवादी शासकों को डराकर भगाया

 नेपाल में प्रदर्शनकारियों ने संसद, सर्वोच्च न्यायालय, राजनैतिक दलों के अधिकारियों और वरिष्ठ राजनेताओं के घरों में आग लगा दी है। प्रधानमंत्री और कई कैबिनेट मंत्री इस्तीफ़ा दे चुके हैं। राजनेताओं को सेना उनके घरों से बचा कर बाहर ला रही है। वर्षों तक क्रूर…

ভারত কিংবা পাকিস্তান নয় – উপমহাদেশে সমাজতান্ত্রিক ফেডারেশন গঠনই (রাষ্ট্রজোট) একমাত্র সমাধান।  

১৯৬৫ সালে কাশ্মীর নিয়ে ভারত ও পাকিস্তানের মধ্যে যুদ্ধ হয়। ১৭ দিনের সংক্ষিপ্ত সংঘর্ষে হাজারো প্রাণহানি ঘটে এবং এতে ভারতীয় শাসকগোষ্ঠী বিজয়ী হয়। কিন্তু এই যুদ্ধ অন্তর্নিহিত কোনো সমস্যার সমাধান করতে, বিশেষ করে দখলকৃত ও বিভক্ত কাশ্মীর রাজ্যের প্রশ্নের সমাধান দিতে ব্যর্থ হয়। দশকের পর…